➤ट्रक हटाने को लेकर दो युवकों में कहासुनी हुई
➤जो पत्थरबाजी और आगजनी में बदल गई
➤पुलिस ने 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया
घटना की शुरुआत: कहासुनी से टकराव तक
हरियाणा के नूंह ज़िले के फिरोजपुर झिरका उपमंडल के गांव मुंडाका में मंगलवार शाम एक मामूली कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया। पुलिस शिकायत के अनुसार, टेंट व्यापारी समय सिंह सैनी अपने दादा की रस्म पगड़ी कार्यक्रम के बाद ट्रैक्टर से लौट रहे थे, तभी रास्ते में एक ट्रक खड़ा मिला। ट्रक में बैठे दो युवक — नस्सी और लुकमान — शराब पी रहे थे। रास्ता हटाने के अनुरोध पर नस्सी ने बीयर की बोतल से हमला कर दिया।
भीड़ का जुटना और हिंसा फैलना
हमले की सूचना मिलते ही दोनों पक्षों के लोग मौके पर आ गए। समय सिंह का आरोप है कि आरोपियों ने अपने गांव हाजीपुर (अलवर, राजस्थान) से 20 से अधिक लोगों को बुलाया, जो लाठी-डंडों से लैस थे। मारपीट के बाद मस्जिद से ऐलान कर भीड़ को इकट्ठा किया गया। इसके बाद मकानों और दुकानों से पत्थरबाजी और कांच की बोतलें फेंकी गईं।
पुलिस के सामने पथराव और आगजनी
झगड़े की सूचना पर डायल-112 पुलिस टीम पहुंची, लेकिन भीड़ ने उनके सामने ही पथराव जारी रखा। सोशल मीडिया पर आए वीडियो में देखा गया कि पुलिसकर्मी लाठी लेकर खड़े हैं, मगर भीड़ को रोकने की कोशिश नहीं कर रहे। एक वीडियो में एक युवक पुलिसकर्मी के सामने आकर बहस करता दिखा, जिसके बाद पुलिस पीछे हट गई। भीड़ ने एक बाइक और खोखे में आग भी लगा दी।
पहले से चली आ रही रंजिश का एंगल
गांव के सरपंच राम किशोर ने दावा किया कि 2023 में नूंह हिंसा में हाजीपुर गांव के लोग भी शामिल थे, जिनके खिलाफ मुकदमे दर्ज हुए थे। उसी से दोनों गांवों में रंजिश चली आ रही थी और पहले भी झगड़े हो चुके हैं।
दूसरे पक्ष का आरोप
दूसरे पक्ष की महिला इसरा का कहना है कि पहले उनके जेवर लूटे गए, मकान तोड़ा गया और घर में घुसकर हमला किया गया। उनका आरोप है कि आरोपियों ने मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगाने की कोशिश की और उनके घर के तीन लोग घायल हुए।
प्रशासन और पुलिस की कार्रवाई
नूंह के SP राजेश कुमार ने बताया कि शरारती तत्वों ने शांति बिगाड़ने की कोशिश की, लेकिन DSP अजायब सिंह ने समय रहते स्थिति संभाली। पुलिस ने तीन से चार लोगों के घायल होने की पुष्टि की है। मौके पर दो DSP, दो पुलिस कंपनियां और भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
DC का बयान और अफवाहों पर चेतावनी
नूंह के DC विश्राम कुमार मीणा ने साफ किया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और इसे सामुदायिक दंगे के रूप में पेश करना गलत है। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचना पर भरोसा करने की अपील की। उन्होंने चेतावनी दी कि अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
मामला दर्ज और गिरफ्तारियां
फिरोजपुर झिरका थाना पुलिस ने घायलों के बयान के आधार पर करीब 24 नामजद और 30-40 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। कुछ आरोपियों को हिरासत में लिया गया है और पूछताछ जारी है।

