हरियाणा के विधानसभा और लोकसभा चुनावों का बिगुल लगभग बज चुका है। इसी बीच हर पार्टियां पहले से ज्यादा सक्रिय तौर पर फील्ड में उतर गई है। राजनीतिक लोगों का दल बदलना भी शुरू हो गया है। इसी क्रम में पानीपत जिला से आम आदमी पार्टी को पहला बड़ा झटका लगा है।
पानीपत महिला जिला अध्यक्ष रितु अरोड़ा ने अचानक झाड़ू छोड़कर कांग्रेस पार्टी जॉइन कर ली है। उन्होंने दिल्ली में हरियाणा कांग्रेस अध्यक्ष उदयभान के कार्यालय में कांग्रेस पार्टी को चुन लिया है। उदयभान ने उन्हें पार्टी का पटका पहनाकर स्वागत किया। रितु अरोड़ा ने कहा कि वह पिछले करीब 4 साल से आम आदमी पार्टी से जुड़ी हुई थी। जैसे-जैसे वह पार्टी को समझती रही, उनका मन पार्टी से उतरता चला गया। आम आदमी पार्टी झूठ की राजनीति करती है। वह सभी कार्यकर्ताओं से भी यही करने को कहती है। फ्री-फ्री-फ्री के चुनावी वादों को जनता के बीच में पहुंचाने के लिए हर कार्यकर्ता को टारगेट देते हैं।
फ्री की रेवड़ियां बांटने का वादा कर आई सत्ता में
इसके बाद वे अपने वादे पूरे नहीं करते है। दिल्ली और पंजाब बहुत बड़ा उदाहरण है, जहां फ्री की रेवड़ियां बांटने का वादा कर ये सरकार सत्ता में तो आ गई, लेकिन मिल किसी को कुछ भी नहीं रहा है। पार्टी के कहने पर उन्होंने खुद भी पानीपत की जनता से बहुत से वादे कर लिए, लेकिन अब चुनाव नजदीक है तो वादे पूरे करने से मना कर दिया। जनता से यह झूठ निरंतर बोलते रहते है।
राजनीति के लिए कुछ भी कर सकते है
रितु अरोड़ा ने बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने कहा कि हालांकि वह दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल को अपना भाई मानती है। उनसे पारिवारिक संबंध भी हैं, लेकिन राजनीति के लिए वह कुछ भी कर सकते हैं। अपने मंत्री सत्येंद्र जैन, मनीष सिसोदिया, संजय सिंह का खुद से कद ऊपर उठता देख, उन्हें षडयंत्र के तहत फंसाया गया।
देश की राजधानी का सीएम हो
बिना किसी सबूत के भी वे जेल में बंद है। इतना ही नहीं, उन्होंने एक बड़ा खुलासा यह भी किया है कि संजय सिंह को एक रात पहले सीएम ने ही 2 करोड़ रुपए दिए थे। जिसकी बाद में जांच एजेंसियों तक खबर पहुंचाई और उन्हें पकड़वाया गया। अरोड़ा का कहना है कि जो देश की राजधानी का सीएम हो, क्या वह अपने मंत्रियों को छुड़वाने नहीं सकता है। छुड़वाना तो छोड़िए, उन्होंने तो प्रयास भी नहीं किया है।

