Supreme Court के आदेश के बावजूद किसान नेता जगजीत डल्लेवाल को अस्पताल में भर्ती कराने के लिए Punjab सरकार और किसान नेताओं के बीच मीटिंग असफल हो गई है। कोर्ट ने डल्लेवाल को 31 दिसंबर से पहले अस्पताल में भर्ती करने का आदेश दिया था, और इस दिन इस मामले की सुनवाई भी होनी है।
पंजाब के DIG का दौरा
इस संबंध में पंजाब के DIG जसकरण सिंह खनौरी ने 3 बजे बॉर्डर पहुंचकर किसानों से बातचीत की, लेकिन किसान नेता इस पर राजी नहीं हुए। इसके बाद किसान नेताओं ने DIG से डल्लेवाल से भी मुलाकात की। अगर पंजाब सरकार उन्हें मनाने में नाकाम रहती है, तो 31 दिसंबर की सुनवाई में पंजाब के DGP और चीफ सेक्रेटरी के खिलाफ अवमानना का मामला उठ सकता है।
पंजाब सरकार का अलर्ट मोड
किसान नेता सरवण पंधेर ने लुधियाना में दावा किया कि पंजाब सरकार ने पटियाला पुलिस को अलर्ट मोड में रखा है और 30-40 बसें खड़ी कर दी हैं, जो कभी भी खनौरी बॉर्डर जा सकती हैं।
किसान आंदोलन और डल्लेवाल का आमरण अनशन
यह घटना उस समय हो रही है जब पिछले 10 महीने से पंजाब के दो किसान संगठन न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की गारंटी के लिए शंभू और खनौरी बॉर्डर पर आंदोलन कर रहे हैं। इस आंदोलन के दौरान किसान नेता जगजीत डल्लेवाल पिछले 34 दिनों से आमरण अनशन पर बैठे हैं।
हरियाणा की खाप पंचायतों का अल्टीमेटम
इससे पहले, हरियाणा की 102 खाप पंचायतों ने हिसार के बास गांव में एक महापंचायत की। इस पंचायत के बाद खाप प्रतिनिधियों ने केंद्र सरकार को 9 जनवरी तक जगजीत डल्लेवाल से बातचीत करने का अल्टीमेटम दिया है। खापों ने चेतावनी दी है कि अगर बातचीत नहीं की गई, तो 9 जनवरी को मुजफ्फरनगर में देश की सभी खापों की महापंचायत बुलाई जाएगी, जिसमें कड़े फैसले लिए जाएंगे।





