जिले के नागरिक अस्पताल में प्री फैब्रिकेटेड अस्पताल के लिए भवन का निर्माण काम शुरू कर दिया है। अस्पताल के पार्किंग एरिया में भवन तैयार किया जा रहा है। करीब तीन माह में अस्पताल के भवन बनकर तैयार हो जाएगा। इसके बाद यहां पर नशा पीड़ितों को दाखिल कर उनका इलाज किया जाएगा। अस्पताल में 20 बेड की सुविधा होगी।
कोरोना काल में किया था भवन का निर्माण करने का ऐलान
प्रथम चरण में नागरिक अस्पताल में भवन का निर्माण करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके बाद इसके ऊपर अस्पताल का भवन स्थापित किया जाएगा। इस भवन के पार्ट अलग जगह पर तैयार हुए हैं। कोरोना काल के बाद सरकार ने प्री फैब्रिकेटेड अस्पताल का निर्माण करने को लेकर ऐलान किया था।
जगह को लेकर अटका निर्माण कार्य
अस्पताल के नये स्थायी भवन के निर्माण को लेकर जगह प्रशासन फाइनल नहीं कर पाया है। प्रशासन की ओर से नशा मुक्ति केंद्र के लिए 50 बेड का अस्पताल व 200 बेड का बड़ा अस्पताल और 100 बेड का एमसीएच विंग बनाने को लेकर सरकार की ओर से मंजूरी मिल चुकी है। निर्माण के लिए बजट भी जारी किया जा चुका है। अब यह निर्माण कार्य कहां किया जाना है, इसको लेकर जगह प्रशासन ने फाइनल नहीं कर पाया है। इस कारण निर्माण कार्य अटका हुआ है।
बेड की कमी के कारण एक बेड पर रखा जाता है दो मरीजों को
नागरिक अस्पताल के नशा मुक्ति केंद्र में मनोचिकित्सक की ओपीडी में 110 से 130 तक होती है। इनमें 90 फीसदी मरीज नशे से पीड़ित होने पर इलाज और दवाई लेने के लिए पहुंचते हैं। नशे से अधिक प्रभावित मरीजों को केंद्र में दाखिल कर उनका इलाज किया जाता है। अन्य मरीजों को दवाई देकर इलाज जारी रखा जाता है। केंद्र में बेड की कमी होने के चलते एक बेड पर दो-दो मरीजों को भी दाखिल किया जाता है।

