➤ आज से 38 दिवसीय अमरनाथ यात्रा का विधिवत शुभारंभ
➤ बालटाल और पहलगाम से रवाना हुआ श्रद्धालुओं का पहला जत्था
➤ 12,756 फीट ऊंचाई पर स्थित पवित्र गुफा में होंगे बाबा बर्फानी के दर्शन
अमरनाथ यात्रा 2025 का शुभारंभ आज 3 जुलाई गुरुवार से हो गया है। बालटाल और पहलगाम के बेस कैंप से श्रद्धालुओं का पहला जत्था जयकारों के साथ पवित्र अमरनाथ गुफा की ओर रवाना हो गया। इस वर्ष यात्रा 38 दिनों तक चलेगी और समापन 9 अगस्त 2025 को सावन पूर्णिमा पर होगा।

2 जुलाई को जम्मू से 4500 से अधिक श्रद्धालुओं का पहला जत्था कड़ी सुरक्षा के बीच रवाना हुआ था। आज सुबह वे पहलगाम और बालटाल बेस कैंप पर पहुंचे और वहां से ट्रेकिंग शुरू की।
यात्रा की सुरक्षा के मद्देनज़र प्रशासन ने 80 हजार से अधिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की है। हालिया आतंकी घटनाओं को देखते हुए इस बार की सुरक्षा सर्वाधिक सख्त है।
बाबा बर्फानी के दर्शन से पहले श्रद्धा का पर्व
अमरनाथ गुफा समुद्र तल से 12,756 फीट की ऊंचाई पर स्थित है। यहां हर साल हिमलिंग का स्वत: निर्माण होता है, जिसे बाबा बर्फानी के रूप में पूजा जाता है। भक्तों में विश्वास है कि गुफा में दर्शन मात्र से सारे पाप कट जाते हैं और शिव का आशीर्वाद मिलता है।

पौराणिक कथा से जुड़ी पवित्र गुफा की यात्रा
मान्यता के अनुसार, भगवान शिव ने अमरत्व की कथा माता पार्वती को यहीं सुनाई थी। मार्ग में उन्होंने नंदी, वासुकी, गणेश, चंद्रमा और पंचतत्वों को त्याग कर अकेले गुफा की ओर प्रस्थान किया था। ये स्थल आज भी यात्रा मार्ग में चिन्हित हैं — पहलगाम, चंदनवाड़ी, शेषनाग, पंचतरणी और महागुणस पर्वत।

