➤करनाल जिले में नाबालिग लड़की का सड़क किनारे शव मिला
➤गला रेतकर हत्या, सिर पर चोट, पहचान अभी तक नहीं हो सकी
➤पुलिस ने जांच तेज की, सीसीटीवी फुटेज और लापता व्यक्तियों की एफआईआर खंगाली
करनाल जिले के इंद्री थाना क्षेत्र में बुधवार सुबह सड़क किनारे झाड़ियों में एक नाबालिग लड़की का शव पड़ा मिला। मृतका की उम्र करीब 15-17 वर्ष बताई जा रही है। प्राथमिक जांच में यह सामने आया कि लड़की का गला रेतकर हत्या की गई है और सिर पर चोट भी लगी हुई है। पुलिस ने आसपास के लोगों से पहचान कराने की कोशिश की, लेकिन कोई भी लड़की को नहीं पहचान पाया। इसके बाद शव को कब्जे में लेकर मॉर्च्युरी में रखवा दिया गया।

गढ़ी बीरबल-उमरपुर रोड पर राहगीरों ने सड़क किनारे पड़े शव को देखा तो इलाके में सनसनी फैल गई। मृतका ने लाल रंग की टीशर्ट और काली पैंट पहनी हुई थी। नाक और मुंह से खून बह रहा था, एक आंख आधी खुली थी जबकि दूसरी सूजी हुई दिखाई दे रही थी। बाल बिखरे हुए थे और चेहरा देखकर अंदाजा लगाया जा रहा है कि उसकी बेरहमी से हत्या की गई है।
सूचना मिलने पर इंद्री पुलिस और एफएसएल की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल से अहम साक्ष्य जुटाए और आसपास के ग्रामीणों से शव की पहचान कराने का प्रयास किया। मृतका की तस्वीरें आसपास के थानों में भेजी गई हैं ताकि पहचान हो सके।
इंद्री थाना पुलिस का कहना है कि मामले की जांच हर एंगल से की जा रही है। आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और आसपास के इलाकों में दर्ज लापता लोगों की एफआईआर भी जांची जा रही है। पुलिस जल्द ही मृतका की पहचान और हत्या की गुत्थी सुलझाने का प्रयास करेगी।
शव मिलने के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। राहगीरों और ग्रामीणों ने घटना की भयावहता पर अपनी प्रतिक्रिया दी और पुलिस को मामला गंभीरता से लेने के लिए कहा।
डीएसपी राजीव कुमार ने बताया कि शव मिलने की सूचना पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। मृतका के सिर पर चोट लगी है, लेकिन मौत की सटीक वजह पोस्टमार्टम के बाद ही पता चलेगी।
डीएसपी ने यह भी बताया कि लड़की ने काले रंग की पैंट और लाल टीशर्ट पहनी थी। प्राथमिक जांच में उसकी उम्र करीब 17 साल बताई जा रही है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए ले जाने की कार्रवाई शुरू कर दी है और आसपास के थानों में भी फोटो सर्कुलेट कर दी गई है।
पुलिस हर पहलू से मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और संभावित संदिग्धों की गतिविधियों को ट्रैक करने के लिए सीसीटीवी फुटेज और लापता व्यक्तियों की एफआईआर खंगाली जा रही है।