इंडियन नेशनल लोकदल के प्रधान महासचिव एवं ऐलनाबाद के विधायक अभय सिंह चौटाला ने सीकर रैली को लेकर जननायक जनता पार्टी पर जमकर निशाना साधा। अभय चौटाला ने जजपा पर तंज कसते हुए कहा कि प्रदेश के लोगों को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराने का लालच देकर सीकर रैली में ले जाया गया। चौटाला का आरोप है कि पंचकूला से जिन लोगों को रैली में सीकर ले जाया गया, उनसे प्रति व्यक्ति एक-एक हजार रुपये भी लिए गए। अभय चौटाला ने मामले की जांच कराने और मुकदमा दर्ज करने की मांग भी की है।
अभय चौटाला इनेलो मुख्यालय पर पत्रकारों के साथ बातचीत कर रहे थे। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि ऐसे हालात में तो जजपा जल्द ही एक और रैली आयोजित करेगी, ताकि लोगों से पैसे ऐंठे जा सकें। कैथल में हुई इनेलो की रैली में कांग्रेस और आप के नेताओं के नहीं पहुंचने पर चौटाला ने कहा कि आम आदमी पार्टी को न्योता नहीं दिया गया था। कांग्रेस नेता रैली में क्यों नहीं पहुंचे, यह वो ही बता सकते हैं। शेष सभी दलों के सदस्य रैली मं पहुंचे, जिनको न्योता दिया गया था।
अभय सिंह चौटाला ने गठबंधन के सवाल पर जवाब देते हुए कहा कि न तो उन्हें इंडिया गठबंधन में शामिल होने के लिए अभी तक बुलाया गया है और न ही वह इसमें शामिल हुए हैं। उन्हें इतना मालूम है कि गठबंधन की नींव पिछले वर्ष हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री एवं इनेलो सुप्रीमो ओमप्रकाश चौटाला ने रखी थी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय दल क्षेत्रीय दलों को खत्म करना चाहते हैं, इसलिए सभी राज्यों में क्षेत्रीय दलों का एकजुट होना जरूरी है। ऐसे में न तो कांग्रेस की जरूरत रहेगी और न ही भाजपा की।
कांग्रेस के साथ पूर्व सीएम हुड्डा को भी लिया आड़े हाथों, बोलें पिता-पुत्र लोकसभा चुनाव कैसे हारे
इनेलो नेता अभय सिंह चौटाला ने कांग्रेस के साथ हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कांग्रेस पार्टी के सक्षम होने के जवाब में कहा कि अगर ऐसा है तो पिछली बार दोनों पिता-पुत्र लोकसभा चुनाव में कैसे हार गए। अभय चौटाला ने आरोप लगाते हुए कहा कि भूपेंद्र सिंह हुड्डा भाजपा के लिए काम कर रहे हैं और उन्होंने हमेशा भाजपा का साथ दिया है। अभय ने उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला पर जमकर निशाना साधा। अगर दुष्यंत चौटाला रामकुमार गौतम की बजाय ओमप्रकाश चौटाला को अपना दादा मानते तो आज वह मुख्यमंत्री पद पर होते। उन्होंने रामकुमार गौतम को अपना दादा माना। जिसके चलते उन्हें हरियाणा छोड़कर राजस्थान भागना पड़ा।
नफे सिंह राठी फिर प्रदेशाध्यक्ष, 15 अक्तूबर से शुरू करेंगे रथयात्रा
इंडियन नेशनल लोकदल पार्टी में अभय चौटाला को राष्ट्रीय महासचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई है। नफे सिंह राठी को फिर से प्रदेशाध्यक्ष चुना गया है। साथ ही समरपाल चौधरी को उत्तर प्रदेश का प्रदेशाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। संगठन में अन्य पदाधिकारियों की नियुक्ति प्रदेशाध्यक्ष नफे सिंह राठी की ओर से की जाएगी। वहीं राष्ट्रीय महासचिव अभय सिंह चौटाला हरियाणा में पदयात्रा के बाद अब 15 अक्तूबर से रथयात्रा की शुरुआत करेंगे। रथयात्रा के माध्यम से रोजाना 15 से 20 गांवों को कवर किया जाएगा। इनेलो का उद्देश्य सभी 90 हलकों को कवर करना है। यह रथयात्रा आगामी विधानसभा चुनावों तक जारी रहेगी।
वर्ष 2018 में हर किसी की जुबान पर थी इनेलो
अभय सिंह चौटाला ने भाजपा पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि हरियाणा में वर्ष 2018 में इनेलो की सरकार बनना तय था। यह बात प्रदेश में हर किसी के जुबान पर भी थी। वहीं भाजपा ने षड़यंत्र रचते हुए कुछ लोगों पर ऐसा लालच का जाल बिछाया कि वह पार्टी को छोड़कर चले गए। इसके बाद इनेलो में जो साथी बच गए थे, उनके घर ईडी और इनकम टैक्स के छापे मरवाकर परेशान किया गया। ऐसे में प्रमुख कार्यकर्ता और नेता भी पार्टी छोड़कर चले गए। यही परिणाम रहे कि विधानसभा चुनाव में इनेलो पार्टी ज्यादा सीटों पर परचम नहीं लहरा पाई।

