Haryana में बिना मान्यता वाले स्कूलों के नाम अब सार्वजनिक किए जाएंगे। इसके लिए सभी जिला शिक्षा अधिकारियों (DEO) को लिस्ट तैयार करने का आदेश दिया गया है, और इस लिस्ट को तीन दिन के भीतर जारी करना है। अब तक 282 ऐसे स्कूलों की पहचान की जा चुकी है, जो बिना मान्यता के चल रहे हैं।
इस कदम के तहत, शिक्षा विभाग ने अभिभावकों से आग्रह किया है कि वे अपने बच्चों का दाखिला ऐसे स्कूलों में न कराएं। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट पहले ही इन स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए शिक्षा विभाग को निर्देश दे चुका है।
नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत से पहले बिना मान्यता वाले निजी स्कूलों पर कार्रवाई के लिए शिक्षा विभाग ने आदेश जारी किए हैं। इन स्कूलों की सूची दो प्रमुख समाचार पत्रों (हिंदी और अंग्रेजी) में प्रकाशित की जाएगी, ताकि अभिभावक इन स्कूलों से बच सकें।
हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा भी बिना मान्यता वाले स्कूलों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के पक्ष में हैं। हाईकोर्ट ने इस मामले में शिक्षा विभाग को आखिरी मौका दिया है, और विभाग से 26 फरवरी 2024 तक हलफनामा पेश करने का निर्देश दिया था, जिसमें यह बताया जाना था कि इन स्कूलों के खिलाफ क्या कदम उठाए गए हैं।
यदि विभाग समय पर हलफनामा पेश नहीं करता है, तो राज्य को 20,000 रुपए का जुर्माना देना होगा।
इसके अलावा, शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि बिना मान्यता वाले स्कूलों में बच्चों का दाखिला न किया जाए, और ऐसे स्कूलों को बंद किया जाए।





