Yamunanagar रादौर के गांव खेड़ी लक्खासिंह में चार दिन पहले हुए जघन्य गोलीकांड में घायल शराब ठेकेदार अर्जुन उन्हेड़ी ने चंडीगढ़ पीजीआई में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। अर्जुन का शव पोस्टमार्टम के बाद सोमवार को उनके गांव लाया जाएगा। पुलिस ट्रिपल मर्डर के इस मामले में जांच कर रही है।
गुरुवार सुबह करीब सवा आठ बजे, खेड़ी लक्खासिंह गांव में जिम से बाहर निकलते ही अर्जुन, वीरेंद्र राणा और पंकज मलिक पर पांच नकाबपोश बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। हमलावरों ने 60 से अधिक राउंड फायर किए, जिससे वीरेंद्र और पंकज की मौके पर ही मौत हो गई। अर्जुन गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनकी अब इलाज के दौरान मौत हो गई है। इस गोलीकांड की जिम्मेदारी कुख्यात गैंगस्टर गोल्डी बराड़ और काला राणा ग्रुप ने ली है। उन्होंने सोशल मीडिया पर इस घटना को दोहराने की धमकी दी है, जिससे इलाके में दहशत फैल गई है।
इस घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए खेड़ी लक्खा सिंह पुलिस चौकी के पूरे स्टाफ को सस्पेंड कर दिया था। डबल मर्डर पुलिस चौकी से महज 100 मीटर की दूरी पर हुआ। आरोप है कि घटना के बाद चौकी में तैनात पुलिसकर्मी समय पर घटनास्थल पर नहीं पहुंची। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि अर्जुन और पंकज हर रोज अपने साथी रिंकू राणा के साथ जिम जाते थे। हमलावरों ने रिंकू की रेकी की थी, लेकिन रिंकू को इसकी भनक लग गई और वह जिम नहीं गया। इस कारण अर्जुन और पंकज ने वीरेंद्र राणा से लिफ्ट ली। जिम से बाहर निकलते समय हमला हुआ, जिसमें वीरेंद्र की भी मौत हो गई।







