KHANAURI BORDER दो दिन पहले हिसार में जुटी हरियाणा की विभिन्न खापों ने किसानों की जायज मांगों के समर्थन का ऐलान किया। लेकिन दिल्ली कूच से पहले किसान संगठनों और हरियाणा की खापों के बीच मतभेद उभरकर सामने आने लगे हैं। किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने हरियाणा की खापों पर तीखा प्रहार करते हुए उन्हें पहले खुद एकजुट होने की नसीहत दे डाली। खनौरी बॉर्डर पर सिटी तहलका से एक्सक्लूसिव बातचीत में उन्होंने हरियाणा की खापों पर जमकर निशाना साधा…
एक ही खाप में चार-चार प्रधान, पहले खुद एकजुट हों…
अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि खापों का हम सम्मान करते हैं। हजारों साल पुरानी इन परंपराओं का सम्मान होना चाहिए, लेकिन आज स्थिति यह है कि एक ही खाप में चार-चार प्रधान हो रखे हैं। वो प्रधान पहले एकजुट हों और फिर पूरे स्टेट लेवल पर एकजुटता का प्रयास किया जाए तो इसके नतीजे ज्यादा बेहतर आएंगे।
जिसने हमारे ऊपर गोलियां चलवाई, उनके साथ कैसे बैठें
अभिमन्यु ने कहा कि एकजुटता विचारों के आधार पर होती है। चुनाव के दौरान हमारा स्टैंड क्लीयर था। हमनें किसी राजनीतिक दल के उम्मीदवार या निर्दलीय उम्मीदवार के लिए वोट नहीं मांगी जबकि कुछ लोग ऐसे भी थे जो निर्दलीय उम्मीदवारों के पक्ष में घर-घर जाकर वोट मांग रहे थे। कुछ संगठनों ने जाने-अनजाने में ही सही बीजेपी को मजबूत करने का काम कर दिया। जिस पार्टी की सरकार ने हमारे ऊपर गोलियां चलवाई और कुछ लोगों ने जाने-अनजाने में उनका ही फायदा करा दिया, उनके साथ हम कैसे बैठ जाएंगे।
दबाव डालकर कोई फैसला करा दे, ये संभव नहीं…
अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि हम इस आंदोलन में अपनी जिंदगी लगा रहे हैं, क्या रिजल्ट आएगा वो परमात्मा के हाथ में है। कल को दबाव डालकर कोई फैसला करा दे या दबाव डालकर ऐसे लोगों के साथ हमें बैठा दे जिनसे हमारे विचार नहीं मिलते, तो यह संभव नहीं है। एसकेएम गैर राजनीतिक और केएमएम के नियम-कायदों के अनुसार जो एकता करना चाहे तो हम तैयार हैं। माइक भी उनको देंगे, मंच भी उनको देंगे, मीडिया में भी बैठाएंगे लेकिन जिस भावना के साथ यह आंदोलन चल रहा है, उसको स्वीकार करना पड़ेगा।
उप राष्ट्रपति को भेजी चिट्ठी
किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि किसानों की परेशानी को समझते हुए पिछले तीन दिनों में देश के उप राष्ट्रपति दो बार बयान दे चुके हैं। किस सरकार ने हमारे साथ कब-कब वादाखिलाफी की, आज हमनें उन सबूतों और तथ्यों के साथ एक चिट्ठी उप राष्ट्रपति जी को भजी है।