हरियाणा की राजनीतिक माहौल में हलचल है और नेताओं के साथ ही अधिकारियों के चुनावी काम में भी शोर है। इसका सबसे बड़ा फायदा गुरुग्राम(Gurugram) के भू माफिया को मिल रहा है। गुरुग्राम(Gurugram) के कुछ क्षेत्रों में अनधिकृत निर्माण(Multi-Storey Building) का काम चल रहा है, जिससे सुरक्षा के मामले में भी समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं।
बता दें कि गुरुग्राम में माफिया और अधिकारियों(Mafia-Official) का गठजोड़ खूब चल रहा है, जिसके चलते कुछ लोग नियमों को ताक पर रखते हुए अवैध निर्माण का काम कर रहे हैं। यहां तक कि उन्होंने प्रतिबंधित क्षेत्र में ही बड़े-बड़े इमारतों का निर्माण(Multi-Storey Building) शुरू कर दिया है। हाईकोर्ट(High Court) के आदेश के बावजूद अधिकारियों की लापरवाही के चलते यह सब काम हो रहा है। नगर निगम की एनफोर्समेंट टीम इस पर काम कर रही है, लेकिन उनके प्रयासों में कमी दिख रही है। गुरुग्राम में ऐसे कई क्षेत्र हैं, जहां निर्माण कार्य जारी है। नेताओं के दबाव के चलते अधिकारियों का काम काफी प्रभावित हो रहा है।
नोबल ऐनक्लेव, सतगुरु फार्म, धर्म कालोनी, शीतला कालोनी, और ओम विहार जैसी कई कालोनियों में निर्माण का काम चल रहा है। हाईकोर्ट के आदेश के तहत एयरफोर्स के प्रतिबंधित क्षेत्र में किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य रोका गया है। यहां गोला-बारूद दबे होने के कारण किसी भी समय अनहोनी घटना हो सकती है, इसलिए यहां निर्माण कार्यों पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाई गई है।
सुरक्षा और विकास में कोई अड़चन न हो
नगर निगम की एनफोर्समेंट टीम को इन अवैध निर्माण कार्यों की जानकारी है, लेकिन उनकी कार्रवाई में कमी दिख रही है। अधिकारियों के ज्ञान में यह सब हो रहा है, लेकिन वे मौन बने हुए हैं। नगर निगम के पूर्व कमिश्नर और वर्तमान अर्बन लोकल बॉडी के डायरेक्टर यशपाल यादव ने बातचीत में कहा कि प्रतिबंधित क्षेत्र में किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य अनुमति दी नहीं जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी की मिलीभगत हुई तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों को न्यायाधीशों के आदेशों का पालन करना चाहिए, ताकि गुरुग्राम की सुरक्षा और विकास में कोई अड़चन न हो।