Karnal के घरौंडा थाना क्षेत्र में एक ट्रक चालक ने ही ट्रक से करीब चार लाख रुपये का सामान चोरी(Goods worth Rs 4 lakh stolen) कर लिया। इसके बाद उसने ट्रक को एक ढाबे(Dhaba) के पास खड़ा किया और अपना फोन बंद करके फरार हो गया। जब ट्रक में लोड सामान निर्धारित पते पर नहीं पहुंचा तो ट्रक मालिक ने चालक की खोजबीन शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
ट्रक मालिक अमित पाल ने घटना की शिकायत घरौंडा थाना पुलिस में दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस मामले के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए अमित पाल ने पुलिस को बताया कि उन्होंने मोहम्मद खुर्शीद आलम को बतौर ड्राइवर काम पर रखा था। 27 दिसंबर 2023 को खुर्शीद ने काम शुरू किया था। दो दिन पहले, यानी 15 जून को, खुर्शीद को हिसाब करने के लिए दफ्तर आना था, लेकिन वह लगातार फोन कॉल्स का जवाब नहीं दे रहा था।

अमित पाल ने बताया कि उन्होंने खुर्शीद के साथी ड्राइवरों से भी पूछताछ की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद, 17 जून की सुबह अमित पाल के दोस्त मनीष कुमार कोहंड गए थे। मनीष ने हाईवे पर IGL, CNG पंप के पास एक ट्रक खड़ा देखा। उन्होंने वीडियो कॉल के जरिए अमित पाल को ट्रक दिखाया, जिससे पुष्टि हुई कि यह वही ट्रक था जिसे मोहम्मद खुर्शीद आलम चला रहा था।
सामान बेचकर ट्रक छोड़कर हुआ फरार
अमित पाल ने वहां पहुंचकर देखा कि ट्रक को काफी नुकसान पहुंचाया गया था और ट्रक से सामान गायब था। अमित पाल ने बताया कि ट्रक से एक स्टपनी टायर, मोटरसाइकिल फिटिंग का सामान, जिसकी कीमत लगभग साढ़े तीन से चार लाख रुपये थी, चोरी हो गया था। अमित पाल का आरोप है कि मोहम्मद खुर्शीद आलम ने इन सामानों को बेच दिया और फिर ट्रक को छोड़कर भाग गया।

फोन कॉल्स पर जवाब देना किया बंद
ट्रक मालिक अमित पाल ने बताया कि 27 दिसंबर 2023 को उन्होंने मोहम्मद खुर्शीद आलम को ड्राइवर के रूप में काम पर रखा था। शुरुआत में सब ठीक चल रहा था, लेकिन हाल ही में खुर्शीद का व्यवहार संदिग्ध हो गया। दो दिन पहले, जब वह हिसाब करने के लिए दफ्तर आना था, तो उसने फोन कॉल्स का जवाब देना बंद कर दिया। अमित पाल ने अपने स्तर पर खुर्शीद की तलाश की, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली।
दोस्त ने ट्रक देख की वीडियो कॉल
17 जून की सुबह अमित पाल के दोस्त मनीष कुमार किसी काम से कोहंड गए थे। उन्होंने वहां हाईवे पर एक ट्रक खड़ा देखा। मनीष ने तुरंत वीडियो कॉल के जरिए अमित पाल को ट्रक दिखाया। अमित पाल ने ट्रक को पहचान लिया और तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि ट्रक को काफी नुकसान पहुंचाया गया था और ट्रक से कई कीमती सामान गायब थे।