राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू की ओर से 26 जनवरी गणतंत्र दिवस पर सेना के 80 जवानों को वीरता पुरस्कार मिलने वालों में हरियाणा के चरखी दादरी के गांव डोहकी निवासी मेजर मोहित सांगवान का नाम भी शामिल है। मोहित की इस उपलब्धि पर परिजनों के साथ ग्रामीणों में भी खुशी का माहौल है। मोहित के माता-पिता का कहना है कि उनकी 4 पीढ़ियां सेना में अपनी सेवाएं दे रही है। जिससे मोहित को भी सेना में जाने की प्रेरणा मिली। बता दें कि मोहित सांगवान को सेना में बहादुरी के लिए सम्मानित किया जाएगा।
मोहित के पिता बिजेंद्र सांगवान और माता मुन्नी सांगवान का कहना है कि बेटे की उपलब्धि पर उन्हें काफी खुशी है। बेटे के मेडल हासिल करने पर ग्रामीणों का बधाई देने के लिए तांता लगा है। उन्होंने बताया कि मेजर मोहित सांगवान बचपन से ही सेना में भर्ती होना चाहता था। उनकी चार पीढ़ियां सेना में अपनी सेवाएं दे चुकी हैं। जिनसे प्रेरणा लेकर मोहित का उद्देश्य सेना में जाना था। ड्यूटी के दौरान बहादुरी का काम करने पर गणतंत्र दिवस के उपलक्ष्य पर राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने सेना के 80 जवानों को बहादुरी का वीरता पुरस्कार देने की लिस्ट में मोहित सांगवान का भी नाम शामिल है। जिसको लेकर परिजनों में खुशी की लहर है। परिजनों का कहना है की बेटा सेना में जाकर देश सेवा करना चाहता था, इसलिए उसने यह रास्ता चुना। अब सेना में बहादुरी का पुरस्कार मिल रहा है, जो वाकई उनके लिए गर्व की बात है। मुन्नी सांगवान ने बताया कि मोहित के पिता भी सेना में थे। उनके दादा व परदादा भी सेना में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। जिनसे मोहित को प्रेरणा मिली।

बिजेंद्र सांगवान का कहना है कि बेटे की इस उपलब्धि पर वह बेहद खुश हैं। उन्होंने कहा कि मोहित शुरू से ही सेना में जाना चाहता था। उन्होंने बताया कि मोहित ने उनके साथ भी सेना में ड्यूटी दी है। अब उन्हें वीरता के लिए पुरस्कार मिला है। इसके लिए उन्हें कोई हैरानी नहीं है। उन्हें पता था कि मोहित और भी बड़े काम करने वाला हैं। उन्होंने कहा कि सेना में रहते हुए बहादुर का काम करने पर यह सम्मान मिलता है। उनके गांव में प्रत्येक घर से सेना में एक जवान है, इसलिए उनका गांव फौजियों का गांव कहलाता है। गौतरलब है कि 75वें गणतंत्र दिवस से पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सेना के 80 जवानों को वीरता पुरस्कार देने की मंजूरी दी थी। इसमें दादरी के गांव डोहकी निवासी मेजर मोहित सांगवान भी शामिल हैं। मोहित सांगवन को सेना का सर्वोच्च वीरता मेडल मिलने की खुशी में परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर खुशियां मनाई और उनको देश का गौरव बताया।

