नूंह जज की गाड़ी को उपद्रवियों ने किया आग के हवाले, बस स्टैंड वर्कशॉप में छिपकर बचाई जान

पंचकुला

नूंह न्यायालय में तैनात जज अपनी तीन साल की बेटी और गनमैन एवं कमर्चारियों सहित गाड़ी में सवार होकर मेडिकल कॉलेज नलहड दवा लेने के लिए गए थे। इस दौरान दिल्ली अलवर रोड पर एकत्रित लोगों की भीड़ ने गाडी पर हमला कर दिया। जिन्होंने पथराव के साथ-साथ आगजनी शुरू कर दी।

गाडी में मौजूद जज व उनकी तीन साल की बेटी सहित कर्मचारियों को पास के पुराना बस स्टैंड के वर्कशॉप में जाकर अपनी जान बचानी पड़ी। वहां से बचकर निकलने के पश्चात जब अगली सुबह कर्मचारी ने मौके पर जाकर देखा, तो गाड़ी को आग के हवाले किया जा चुका था। जिसकी शिकायत कर्मचारी ने पुलिस को देकर कार्रवाई की मांग की।

दवाई लेने के लिए जा रहे थे

Whatsapp Channel Join

पुलिस को दी शिकायत में नूंह न्यायालय में तैनात प्रोसेस सर्वर टेकचंद ने बताया कि 31 जुलाई को दोपहर एक बजे मैं और मेरी अधिकारी उनकी तीन साल की बेटी और गनमैन गाड़ी में सवार होकर मेडिकल कॉलेज नलहड दवा लेने के लिए गए थे। जब हम दवाई लेकर वापस आ रहे थे, तो दिल्ली अलवर रोड पर 100-150 लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई, जिन्होंने अचानक पथराव और आगज़नी शुरू कर दी। देखते ही देखते एक पत्थर जज की गाड़ी के शीशे पर आ गिरा और गोलियां चलने लगी।

अगली सुबह जली हुई मिली गाडी

शिकायत में कहा कि हम अपनी जान बचाने के लिए पुराना बस स्टैंड के वर्कशॉप में छिप गए। बाद में न्यायालयों की अधिवक्ताओं की मदद से वहां से हम बाहर निकलें। जब हम एक अगस्त को हमारी गाड़ी देखने गए, तो जज की गाड़ी पूरी तरह से जल चुकी थी। नूंह पुलिस ने इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।