हरियाणा के जिला रेवाड़ी में घर में घुसकर नाबालिग लड़की से दुष्कर्म करने के आरोपी फास्ट ट्रैक कोर्ट के एडीजे लोकेश गुप्ता ने आजीवन कारावास का दंड सुनाया है। साथ ही दोषी पर 4 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। आरोप था कि धारूहेड़ी की बस्ती में आरोपी विक्रम एक घर में घुस गया और वहां मौजूद दो बहनों के साथ छेड़छाड़ करने लगा। बाद में उसने एक बहन के साथ दुष्कर्म कर मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने मामले में तत्परता दिखाते हुए आरोपी पर मुकदमा दर्ज कर लिया था। पुलिस ने अब आरोपी को गिरफ्तार कर लिाया है। कोर्ट की सजा के अनुसार अब आरोपी का जीवन जेल में ही बीतेगा।
पुलिस के अनुसार जिला रेवाड़ी के कस्बा धारूहेड़ा में दो नाबालिग बहनें 7 अक्तूबर 2019 को घर पर थी। आरोप है कि तभी पड़ोस में रहने वाला विक्रम उनके घर पहुंच गया और दोनों बहनों के साथ छेड़छाड़ करने लगा। थोड़ी देर बाद में उसने एक बहन को अपनी घिनौनी करतूत का शिकार बनाते हुए दुष्कर्म किया। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। जिस वक्त आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया, उस दौरान घर पर परिवार का कोई अन्य सदस्य मौजूद नहीं था। दुष्कर्म के बाद नाबालिग लड़की सहम गई और थोड़ी देर बाद मामले की जानकारी अपने पिता को दी।

नाबालिग के पिता ने मामले की शिकायत धारूहेड़ा थाना पुलिस को देकर कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने पिता की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ पोक्सो एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कोर्ट में सबूत और गवाह पेश किए। जिनके आधार पर कोर्ट ने आरोपी को उम्रकैद की सजा सुनाते हुए 4 लाख रुपये जुर्माना लगाया है।
पीड़िता की तरफ से सरकार के जिला उप न्यायवादी जगवीर दहिया ने मामले की पैरवी की। उनका कहना है कि एडीजे व फास्ट ट्रैक कोर्ट के न्यायाधीश लोकेश गुप्ता ने दोषी विक्रम को दुष्कर्म के मामले में उम्रकैद और घर में घुसने की धारा के तहत 10 साल कैद की सजा सुनाई है। साथ ही दोषी पर 4 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।

