Samyukt Kisan Morcha raised the demand for the release of Neelam

Jind : ससंद पर हमले में शामिल Jind की रहने वाली Neelam की संयुक्त किसान मोर्चा ने उठाई रिहाई की मांग, किसान नेता Rakesh Tikait ने किया इसका खंडन

जींद पंचकुला बड़ी ख़बर हरियाणा

संसद की सुरक्षा में बुधवार को उस समय बड़ी चूक का मामला सामने आया, जब सदन की कार्यवाही के बीच दो लोग दर्शक दीर्घा से चैंबर में कूद गए। इस घटना में गिरफ्तार लोगों में नीलम नाम की महिला भी शामिल है। खबर थी कि संयुक्त किसान मोर्चा ने महिला की रिहाई की मांग की है लेकिन अब किसान नेता राकेश टिकैत ने इसका खंडन किया है।

राकेश टिकैत ने संसद पर हुए घटनाक्रम को निंदनीय बताते हुए कहा कि मीडिया में संयुक्त किसान मोर्चा का नाम लेकर चलाई गई खबर एकदम निराधार है। एसकेएम या बीकेयू का इससे कोई वास्ता नहीं है।

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ये थी खबर

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इससे पहले खबर थी कि संयुक्त किसान मोर्चा ने नीलम की रिहाई की मांग करते हुए कहा है कि नीलम किसान प्रदर्शनों से जुड़ी रही हैं, हम सब उसके साथ हैं। संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्य और किसान नेता आजाद पालवा इस बीच नीलम के घर भी पहुंचे। उन्होंने नीलम की रिहाई की मांग करते हुए कहा कि वे इस संबंध में कल किसान संयुक्त मोर्चा की मीटिंग भी बुला रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर नीलम को जल्द रिहा नहीं किया गया तो बड़ा कदम उठाया जाएगा।

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6 लोग थे इस साजिश में शामिल

इस साजिश में 6 लोग शामिल बताए जा रहे हैं। इनमें से पुलिस ने 4 आरोपियों को अरेस्ट कर लिया है, जबकि दो आरोपियों की तलाश जारी है। बताया जा रहा है कि ये सभी आरोपी दिल्ली के बाहर से आए थे, इसमें से 5 आरोपी गुरुग्राम में एक जगह पर रुके थे। ये आरोपी गुरुग्राम में ललित झा नाम के शख्स के घर पर रुके थे।

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चारों आरोपियों से एंटी टेरर यूनिट कर रही पूछताछ

संसद की सुरक्षा में सेंध लगाने वाले चारों आरोपियों को दिल्ली पुलिस संसद मार्ग पुलिस स्टेशन लेकर आई है। वहां, एंटी टेरर यूनिट स्पेशल और खुफिया एजेंसियां उनसे पूछताछ कर रहे हैं। शुरूआती जांच में ये बात सामने आई है कि संसद के बाहर से पकड़े गए नीलम और अमोल के पास मोबाइल फोन नहीं था। इनके पास किसी भी तरह का पहचान पत्र और बैग तक नहीं बरामद हुआ। दोनों ने किसी भी संगठन से संबंध होने से इंकार किया है। उनका दावा है कि वे खुद की मर्जी से ही संसद गए थे।