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प्रॉपर्टी आईडी को दुरुस्त करवाने के लिए आवेदनकर्ताओं को खोज पाना अधिकारियों के लिए बना टेढ़ी खीर

सिरसा

प्रॉपर्टी आईडी के सर्वे के बाद उनमें कई तरह की खामियां देखने को मिल रही हैं। इन खामियों को दूर करने के प्रयास नगर परिषद की ओर से निरंतर किए जा रहे हैं। प्रॉपर्टी आईडी को दुरस्त करने के लिए आवेदनकर्ताओं को खोज पाना अधिकारियों के लिए टेढ़ी खीर बना हुआ है।

अधिकारियों का कहना है कि उनके अनुसार करीब 900 ऐसी फाइलें हैं  जिनके आवेदनकर्ताओं से अभी तक कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। यह परेशानी इसलिए आ रही है क्योंकि आवेदन के दौरान उन्होंने अपना मोबाइल नंबर ही नहीं दिया। उन आवेदनों में सीएससी संचालकों ने अपना ही मोबाइल नंबर दिया हुआ है।

नहीं हो रहा आवेदनकर्ताओं से संपर्क

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शुक्रवार को हुई एसीएस की वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जिन प्रॉपर्टी मालिकों की फाइल कई महीनों से पेंडिंग हैं उनका जल्द से जल्द निपटारा किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी आवेदनकर्ता की फाइल को फोन न मिलने व उसके रिस्पोंस न देने को आधार बनाकर रद्द नहीं किया जा सकता है। वहीं अब अधिकारियों को ये समझ नहीं आ रहा कि वह कैसे इन आवेदनकर्ताओं तक पहुंचे।

सीएससी के माध्यम से किए गए ज्यादातर आवेदन

बता दें कि प्रॉपर्टी आईडी में नाम, पता, मोबाइल नंबर, विकास शुल्क और सॉलिड वेस्ट शुल्क को दुरुस्त करवाने के लिए शहरवासी ऑनलाइन आवेदन कर रहे हैं। इनमें से ज्यादातर सीएससी के माध्यम से किए गए हैं। जो आवेदन सीएससी से किए गए हैं उनमें संचालक ने आवेदनकर्ता की जगह अपने नंबर दिए हैं।

आवेदन में दस्तावेजों या अन्य कोई कमी होने पर विभाग संबंधित व्यक्ति को सूचित करने के लिए फोन के माध्यम से संपर्क साधने का प्रयास करता है, लेकिन उक्त नंबर डायल करने पर सीएससी संचालक से संपर्क होता है। इसी वजह है कि अब तक नगर परिषद के पास ऐसे 900 आवेदन पेंडिंग पड़े हैं।

सीएससी पर नया नियम बना लगाई लगाम

मुख्यालय ने सीएससी सेंटरों के कारण आने वाली परेशानी को जड़ से खत्म करते हुए नए नियम बनाए हैं। इन नियमों के तहत एक सीएससी सेंटर संचालक अपनी लॉगिन आईडी से केवल 10 फाइलें ही लगा सकता है। यदि उसे ओर फाइल लगानी है तो वह प्रॉपर्टी मालिक के माध्यम से ही लगा पाएगा। इस नियम के लागू होने के बाद बड़े स्तर पर फाइलों का निपटान होना शुरू हो गया है।