सोनीपत में बिजली निगम(Electricity Corporation) के जेई(JE) को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। जेई ने बिजली का खंभा(Pole) टूटने पर ड्राइवर के खिलाफ दर्ज केस(Case) को रफा दफा करने की एवज में 35 हजार रुपए की मांग की थी। गिरफ्तारी के बाद एसीबी की टीम उससे पूछताछ कर रही है।
सोनीपत के बहालगढ़ रोड पर कुछ दिन पहले एक वाहन बिजली के नीचे लटक रहे तारों में टकरा गया था। इससे बिजली का पोल टूट गया था। लिवासपुर स्थित इंदिरा कॉलोनी में हुए इस हादसे में बिजली का खंभा टूट गया था। बिजली निगम की ओर से इसको लेकर वाहन ड्राइवर के खिलाफ केस दर्ज कराया था। इसमें बताया था कि बिजली निगम को इससे लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। बताया गया है कि इस मामले में बिजली निगम में मॉडल टाउन में तैनात जेई जोगेंद्र गाड़ी के ड्राइवर से 35 हजार रुपए रिश्वत मांग रहा था। बाद में सौदा 20 हजार रुपए में तय हो गया।
जेई जोंगेंद्र ने गाड़ी ड्राइवर के रिश्तेदार मोहित को कहा कि वे 20 हजार रुपए दे दें, वह बिजली निगम को हुए नुकसान का एस्टीमेट नहीं बनाएगा। मोहित ने इसकी शिकायत एसीबी को कर दी। इसके बाद जेई को रंगे हाथ गिरफ्तार करने के लिए योजना तैयार की गई। मोहित ने शुक्रवार को जेई जोगेंद्र से बात की और रुपए देने को बोला। इस पर जेई ने उसे सोनीपत में गांधी चौक पर बुला लिया। वहां पर तैयारी बैठी एसीबी की टीम ने 20 हजार रुपए लेते ही जेई जोगेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। अब उससे पूछताछ की जा रही है।







