भारत सरकार ने खेल मंत्रालय के माध्यम से भारतीय कुश्ती संघ की नई बॉडी को सस्पेंड करने का फैसला किया है, इसपर भिवानी की पहलवान अनीता श्योराण ने खुशी जताई है। उन्होंने इस निर्णय को अच्छा कदम माना और महिला पहलवानों को पूरा सम्मान मिलने तक सीने पर पद्मश्री नहीं लगाने का वादा किया है।
गूंगा पहलवान ने सोशल मीडिया पर अपनी राय दी है, कहते हुए कि जब तक देश की महिला पहलवानों को पूरा सम्मान नहीं मिलता, तब तक वह पद्मश्री सीने पर नहीं लगाएंगे। उन्होंने महिला पहलवानों को प्रेरित करते हुए आगे बढ़ने की बात की है। भारतीय कुश्ती संघ के चुनाव में नई बॉडी के अध्यक्ष के रूप में संजय सिंह को चुना गया है, जिन्हें पूर्व अध्यक्ष और सांसद बृजभूषण शरण सिंह के करीबी माना जा रहा है। इसके बाद कुश्ती चैम्पियन साक्षी मलिक ने कुश्ती छोड़ने का ऐलान किया है, जबकि बजरंग पूनिया ने पद्मश्री वापस किया है।
इस निर्णय के बाद केंद्र सरकार ने भारतीय कुश्ती संघ की नई बॉडी को सस्पेंड कर दिया है और खेल मंत्रालय ने इसे नई बॉडी के नियमों के अनुसार काम न करने का हवाला दिया है। इस निर्णय का स्वागत करते हुए, अनीता श्योराण ने कहा है कि यह फैसला स्वागत योग्य है और निष्पक्षता के साथ चुनाव का आयोजन करना चाहिए। वीरेंद्र सिंह उर्फ गूंगा पहलवान ने इस निर्णय के प्रति आदर व्यक्त किया है, लेकिन उन्होंने बताया कि वह पद्मश्री सीने पर तब लगाएंगे, जब महिला पहलवानों को पूरा सम्मान मिलेगा। उन्होंने महिला पहलवानों को प्रेरित करते हुए आगे बढ़ने की बात की है।