‘मोदी सरनेम’ मानहानि मामले में गुजरात हाई कोर्ट के फैसले के खिलाफ कांग्रेस नेता राहुल गांधी की याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी। इससे पहले इस मामले की सुनवाई 2 अगस्त को हुई थी, तब राहुल गांधी ने कोर्ट में जवाब देते हुए बताया था कि कानूनी प्रक्रिया का दुरुपयोग हुआ है।
उन्होंने कहा था कि माफी न मांगने पर मुझे अहंकारी कहा गया और ये निंदनीय है। राहुल गांधी ने कहा कि मानहानि केस में उन्हें ज्यादातर सजा ही दी गई है, जिसके चलते उनकी सांसदी भी चली गई।
यह था मामला
राहुल गांधी ने कर्नाटक के कोलार में 13 अप्रैल 2019 को चुनावी रैली में कहा था कि ”नीरव मोदी, ललित मोदी, नरेंद्र मोदी का सरनेम कॉमन क्यों है? सभी चोरों का सरनेम मोदी क्यों होता है।
2019 में मोदी उपनाम को लेकर की गई टिप्पणी के मामले में 23 मार्च को सूरत की सीजेएम कोर्ट ने राहुल को दो साल की सजा सुनाई थी। हालांकि, कोर्ट ने फैसले पर अमल के लिए 30 दिन की मोहलत भी दी थी।
2019 लोकसभा चुनाव के दौरान कर्नाटक के कोलार की एक रैली में राहुल गांधी ने कहा था कि कैसे सभी चोरों का उपनाम मोदी है। इसी को लेकर भाजपा विधायक और गुजरात के पूर्व मंत्री पूर्णेश मोदी ने राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कराया था। राहुल के खिलाफ आईपीसी की धारा 499 और 500 (मानहानि) के तहत मामला दर्ज किया गया था।