Haryana Politics : हरियाणा में कांग्रेस के अंदर की कलह रूकने का नाम नहीं ले रही है। भाजपा प्रत्याशियों के विरोध के बाद प्रदेश की भिवानी-महेंद्रगढ़ लोकसभा सीट पर चुनाव लड़ रहे कांग्रेस प्रत्याशी राव दान सिंह की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। तोशाम में नाराज किरण चौधरी तो उनके मंच पर आ गई, लेकिन इसके बाद लोहारू में कांग्रेसियों में जूतम पैजार सामने आई है। इस दौरान राव दान सिंह की मौजूदगी में कार्यालय उद्घाटन के मौके पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा गुट के नेता ही एक दूसरे से भिड़ते नजर आए। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
बता दें कि पूर्व मुख्यमंत्री बंशीलाल की पोती एवं पूर्व सांसद श्रुति चौधरी का टिकट कटने के बाद पूर्व कैबिनेट मंत्री किरण चौधरी के बगावती सुर कुछ ठंडे पड़े ही थे कि बीती रात कांग्रेस प्रत्याशी के लोहारू में चुनावी कार्यालय के उद्घाटन पर पूर्व विधायक व पूर्व सीएम बंशीलाल के दामाद और श्रुति चौधरी के फूफा सोमवीर सिंह और पूर्व जिला परिषद चेयरमैन राजबीर सिंह फरटिया के समर्थकों के बीच जमकर विवाद हुआ। बताया जा रहा है कि इस दौरान जूतम पैजार का दौर भी चला।
बता दें कि भिवानी महेंद्रगढ सीट पर भाजपा के धर्मबीर सिंह और कांग्रेस के राव दान सिंह मैदान में हैं। भाजपा के कड़े अनुशासन के कारण धुर विरोधी राव इंद्रजीत सिंह और राव नरबीर सिंह तो सिंचाई मंत्री अभय सिंह व राव इंद्रजीत एक मंच पर खड़े नजर आते हैं। वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस में गुटबाजी और खेमेबाजी के साथ अब जूतम पैजार का दौर भी सामने आने लगा है।
नई राजनैतिक उठा पठक के चलते कांग्रेस की गुटबाजी, खेमेबाजी और वर्चस्व की लड़ाई एक बार फिर सार्वजनिक हो गई। रविवार शाम को लोहारू विधानसभा में राव दान सिंह के चुनाव कार्यालय का उद्घाटन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जब राव दान सिंह लोहारू पहुंचे तो वर्चस्व की लड़ाई के चलते सोमवीर सिंह ने दान सिंह को कैप्चर कर लिया और दूसरी कई जगह ले गए। इसके चलते जिस चुनाव कार्यालय का उद्घाटन दोपहर 3 बजे होना था, वहां पर पहुंचते पहुंचते रात के 10 बज गए।
इसके बाद सोमवीर सिंह और राजबीर सिंह समर्थक आपस में उलझ गए। दोनों के समर्थकों में जमकर जूतम पैजार हुई। इस दौरान राव दान सिंह असहाय नजर आए और दोनों पक्ष को समझाते नजर आए, लेकिन उसका कोई असर नहीं हुआ। कुछ कार्यकर्ताओं के बीच मारपीट तक होने की बात सामने आई है। बता दें कि सोमवीर सिंह और राजबीर सिंह दोनों ही पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा गुट के हैं और दोनों ही उनके करीबी माने जाते हैं।
बताया जा रहा है कि अब इन दोनों के बीच जो विवाद पनपा है, उससे एक बार फिर कांग्रेस की गुटबाजी व खेमेबाजी सार्वजनिक हो गई है। इसका परिणाम राव दान सिंह को भुगतना पड़ सकता है। इस घटना ने एक बार फिर साफ कर दिया कि कांग्रेस हाईकमान चाहे लाख दावे करे कि वह एकजुट हैं, लेकिन खेमों में बंटे नेता एकजुट होने के बाद आपस में ही भिड़ते नजर आ रहे हैं। उधर इस नए घटनाक्रम ने कांग्रेस प्रत्याशी राव दान सिंह की नींद उड़ा दी। अब उन्हें विपक्षी पार्टी भाजपा के प्रत्याशी धर्मबीर सिंह से दो-दो हाथ करने के पहले उन्हें अपनी पार्टी के नेताओं से ही दो-चार होना पड़ रहा है।
इस बारे में पूर्व विधायक सोमवीर सिंह का कहना है कि लोहारू में कार्यकर्ताओं के बीच मामूली विवाद हो गया था। बाद में सभी को समझा दिया गया। पूछने पर बताया कि इसका असर चुनाव पर नहीं पड़ेगा। वहीं जिला परिषद के पूर्व चेयरमैन राजबीर सिंह का कहना है कि ऐसा कुछ नहीं है, जो वीडियो सामने आई है, उसमें थोड़ा-बहुत विवाद हुआ था। हम एक परिवार के हैं और परिवार में इस प्रकार की छोटी-मोटी बात होती रहती है। सब कुछ सामान्य है।





