गूगल ने India में एंड्रॉयज यूजर्स के लिए एक निजी डिजीटल वॉलेट पेश किया है। इसमें यूजर्स को लॉयल्टी कार्ड और गिफ्ट कार्ड, सार्वजनिक वाहनों के पास सहित अन्य चीजें रखने की सुविधा मिलेगी। कंपनी के एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि गूगल वॉलेट को प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। डिजिटल वॉलेट की सेवा बुधवार से भारत में शुरु हो गई है।
गूगल के महाप्रबंधक एवं इंडिया इंजीनियरिंग लीड राम पापाटला ने कहा, गूगल पे कहीं नहीं जा रहा है। यह हमारा प्राथमिक भुगतान ऐप बना रहेगा। गूगल वॉलेट विशेष रुप से गैर-भुगतान उपयोग मामलों के लिए तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि इस सेवा का मकसद एक ऐसा सॉफ्टवेयर बनाना है जहां ओईएम और डेवलपर्स बेहतर उत्पाद बना सकें। इस नई सेवा के लिए गूगल ने एयर इंडिया, इंडिगो, फ्लिपकार्ट पाइन लैब्स, कोच्चि मेट्रो, पीवीआर और आईनॉक्स जैसे 20 भारतीय ब्रांड के साथ साझेदारी की है। उसकी आने वाली महीनों में और अधिक गठजोड़ करने की योजना है।
गूगल वॉलेट गूगल पे से किस तरह अलग?
गूगल वॉलेट एक सिक्योर और डिजिटल वॉलेट है, जो यूजर्स को कार्ड, इवेंट टिकट और पास सहित अन्य चीजों को स्टोर करने की सुविधा देता है। इस वॉलेट की मदद से आप सभी कार्ड एक जगह पर आसानी से मिल जाएंगे। गूगल वॉलेट के जरिये पेमेंट नहीं कर सकते हैं। जबकि, गूगल पे में आप यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (UPI) के जरिए पेमेंट पेमेंट कर सकते हैं। इसके अलावा गूगल पे में इलेक्ट्रिसिटी बिल, मोबाइल बिल, ब्रॉडबैंड बिल और क्रेडिट कार्ड बिल का पेमेंट करने का भी ऑप्शन मिलता है।
इस ऐप में यूजर्स डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड,लॉयल्टी कार्ड,गिफ्ट कार्ड, इवेंट टिकट और पास सहित अन्य चीजों को स्टोर करके इस्तेमाल कर सकते हैं। गूगल वॉलेट में यूजर्स ई कॉमर्स वेबसाइट फ्लिपकार्ट पर मिलने वाले सुपरकॉइन, शॉपर्स स्टॉप और अन्य ब्रांड के गिफ्ट कार्ड स्टोर कर सकते हैं।







