➤ 2500 पेज की चार्जशीट में ज्योति मल्होत्रा पर पाकिस्तान के लिए जासूसी के पुख्ता सबूत
➤ पाक ISI एजेंटों के साथ लंबे समय से संपर्क, गोपनीय जानकारी साझा करने के आरोप
➤ पहलगाम हमले से भी जुड़ सकती है कड़ी, जांच अभी जारी
हरियाणा के हिसार की यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा के खिलाफ पाकिस्तान के लिए जासूसी के गंभीर आरोपों में SIT ने गुरुवार को 2500 पेज की चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की है। एक मीडिया रिपोर्ट में पुलिस के दावा से कहा गया है कि चार्जशीट में पुष्टि की गई है कि ज्योति लंबे समय से पाक ISI एजेंटों के संपर्क में थी और उन्हें भारत विरोधी गोपनीय जानकारी मुहैया कर रही थी।
जांच में सामने आया है कि ज्योति के मोबाइल से पाक उच्चायुक्त में तैनात एहसान-उर-रहीम दानिश अली, ISI एजेंट शाकिर, हसन अली और नासिर ढिल्लों के साथ लंबी बातचीत के रिकॉर्ड मिले। पाक यात्रा के बाद से ज्योति की इनसे लगातार बात होती रही। SIT ने ज्योति के पाकिस्तान में खिंचे फोटो, पाक अधिकारियों से मुलाकात और चैटिंग रिकॉर्ड को भी सबूत के तौर पर चार्जशीट में जोड़ा है।
जांच के दौरान सामने आया कि ज्योति को 28 मार्च को पाक हाई कमीशन से स्पेशल इन्विटेशन मिला था। इससे पहले वह पाकिस्तान में आर्मी जवानों के साथ फोटो खिंचवा चुकी थी। 2024 में वह 17 अप्रैल से 15 मई तक पाकिस्तान में रही, उसके बाद सिर्फ 25 दिन में चीन चली गई, फिर नेपाल पहुँची। इन यात्राओं ने सुरक्षा एजेंसियों का शक और गहरा कर दिया।
SIT ने पहलगाम हमले की जांच को अभी पेंडिंग रखा है। यह भी पड़ताल हो रही है कि इस हमले में ज्योति की क्या भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि वह हमले से ठीक पहले पाकिस्तान से लौटी थी और पहलगाम में वीडियो भी शूट किए थे।
ज्योति को 16 मई 2024 को गिरफ्तार किया गया था। उस पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 152 और आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम, 1923 की धारा 3, 4, 5 के तहत जासूसी, राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालना और गोपनीय जानकारी साझा करना जैसे गंभीर आरोप हैं। 4 अगस्त को उसकी न्यायिक हिरासत 14 दिन बढ़ाई गई थी और अगली पेशी 18 अगस्त को होगी।

