➤सोनाली फोगाट की मौत के 3 साल, CBI ने अब तक मर्डर का कारण स्पष्ट नहीं किया
➤आरोपी सुधीर सांगवान और सुखविंदर सिंह जमानत पर, परिवार बार-बार तारीखों का सामना कर रहा
➤बेटी वसुंधरा ने मां का फेसबुक अकाउंट संभाला, स्कूलिंग पूरी कर अब कॉलेज में एडमिशन
हरियाणा की टिक-टॉक स्टार और भाजपा नेता सोनाली फोगाट की मौत को आज पूरे 3 साल हो गए हैं। 22-23 अगस्त 2022 की दरमियानी रात, गोवा के अंजुन बीच स्थित कर्लीज रेस्टोरेंट-क्लब में उनकी मौत हुई थी। शुरुआती रिपोर्ट्स में इसे ड्रग्स की ओवरडोज से हुई मौत बताया गया था, लेकिन परिवार ने इस मामले में सोनाली के PA सुधीर सांगवान और उनके दोस्त सुखविंदर सिंह पर हत्या का आरोप लगाया। CBI ने जांच के बाद दोनों के खिलाफ चार्जशीट पेश की थी।

सोनाली के भाई वतन ढाका और रिंकू ढाका ने बताया कि अब तक केस में 50 से अधिक सुनवाई की तारीखें लग चुकी हैं। आरोपी सुधीर और सुखविंदर जमानत पर बाहर हैं, जबकि परिवार न्याय पाने की उम्मीद में लगातार प्रयास कर रहा है। परिवार ने 2 साल पहले आरोपियों की जमानत रद्द करने की अपील की थी, लेकिन अभी तक उस पर कोई सुनवाई नहीं हुई। इस मामले की अगली सुनवाई गोवा जिला कोर्ट में 3 सितंबर को होने वाली है।
सोनाली की बेटी वसुंधरा ने मां का फेसबुक अकाउंट संभाल लिया है और स्कूलिंग पूरी कर अब कॉलेज में एडमिशन लेने वाली है। परिवार का कहना है कि मर्डर साबित करने के लिए गवाह और सबूत पर्याप्त हैं। चार्जशीट में टैक्सी ड्राइवर और वेटर के बयान शामिल हैं, जिन्होंने बताया कि सोनाली को चार घंटे तक बाथरूम में रखा गया और पैसे देकर गेट नहीं खोलने के लिए कहा गया।

सोनाली का मामला हाईप्रोफाइल बन गया। उनके भाई वतन और रिंकू के आरोपों के बाद गोवा पुलिस ने सुधीर-सुखविंदर समेत पांच लोगों पर मर्डर का केस दर्ज किया। 25 अगस्त को सुधीर और सुखविंदर को गिरफ्तार किया गया। कई खाप पंचायतें परिवार के समर्थन में आईं और केंद्र सरकार ने मामले की जांच CBI को सौंप दी।
CBI ने जांच के दौरान सोनाली के हिसार स्थित फार्महाउस और घर की छानबीन की। इसके अलावा गुरुग्राम में उनके और सुधीर के फ्लैट की भी जांच की गई, जहां रहकर सोनाली ने आखिरी समय बिताया। चार्जशीट में 100 पेज की फोरेंसिक रिपोर्ट और मेडिकल रिपोर्ट शामिल थी। मेडिकल रिपोर्ट में ब्रेन और फेफड़ों में सूजन की जानकारी दी गई, जो मौत का कारण बन सकती है।

सोनाली फोगाट ने 2019 में BJP की टिकट पर आदमपुर विधानसभा चुनाव भी लड़ा था, लेकिन हार गईं। उनकी राजनीतिक विरासत बहन रुकेश पूनिया को दी गई। सोशल मीडिया पर उनकी लोकप्रियता टिक-टॉक पर 2.4 लाख, इंस्टाग्राम पर 8.85 लाख और फेसबुक पर 1 लाख फॉलोअर्स तक पहुंच चुकी थी।
सोनाली की मौत के 3 साल बाद भी परिवार न्याय पाने की उम्मीद में है, जबकि आरोपी जमानत पर बाहर हैं और केस की सुनवाई लगातार लंबित है।