➤ ईरान ने अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइलें दागीं, कतर का एयरस्पेस बंद
➤ दोहा में अल-उदीद एयरबेस की तरफ 10 मिसाइलें; मिडिल ईस्ट में अमेरिका का सबसे बड़ा बेस
➤ इराक में भी अमेरिकी ठिकानों पर हमला, राजधानी के ऊपर आग की लपटें दिखाई दीं
ईरान ने अपने परमाणु ठिकानों पर हुए हमलों का बदला लेने के लिए अब खाड़ी क्षेत्र में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सोमवार देर रात कतर की राजधानी दोहा में कई जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं। ये धमाके अमेरिकी एयरबेस अल-उदीद की ओर दागी गई 10 मिसाइलों के कारण हुए बताए जा रहे हैं।
अल-उदीद एयरबेस, जो कि अमेरिका का मिडिल ईस्ट में सबसे बड़ा सैन्य अड्डा है, वहां 8,000 से 10,000 अमेरिकी सैनिक तैनात रहते हैं। यह बेस कतर की सामरिक नीति का केंद्र माना जाता है और अमेरिका के मिडिल ईस्ट ऑपरेशनों का हब भी है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान ने इराक में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों की ओर भी मिसाइलें दागी हैं। अभी तक कम से कम 1 मिसाइल इराक की ओर और 10 मिसाइलें कतर के अल-उदीद एयरबेस की ओर दागे जाने की पुष्टि हुई है। दोहा के आसमान में आग की लपटें और धुएं के गुबार देखे गए हैं, हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि ये लपटें एयर डिफेंस सिस्टम की हैं या मिसाइलों की।
इससे कुछ घंटों पहले ही कतर सरकार ने अपने एयरस्पेस को अस्थायी रूप से बंद कर दिया था, जिसे संभावित खतरे की पूर्व चेतावनी माना जा रहा है। साथ ही, सीरिया के हसाका प्रांत में एक अमेरिकी बेस पर हुए हमले की खबर भी सामने आई है, हालांकि इसकी जिम्मेदारी किसी संगठन ने नहीं ली है।
फिलहाल अमेरिका और उसके सहयोगी देश स्थिति का आकलन कर रहे हैं, जबकि पूरे मिडिल ईस्ट में सुरक्षा व्यवस्था हाई अलर्ट पर है। इस हमले को ईरान की जवाबी कार्रवाई के तौर पर देखा जा रहा है, जो क्षेत्रीय तनाव को और अधिक बढ़ा सकता है।

